भोपाल। संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार के अधीनस्थ संस्था इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मानव संग्रहालय, श्यामला हिल्स, भोपाल द्वारा 5 जून 2025 को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर एक दिवसीय बहुआयामी कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन “आजादी का अमृत महोत्सव” की श्रृंखला में पर्यावरण संरक्षण, सांस्कृतिक धरोहरों के संवर्धन एवं जन-जागरूकता को बढ़ावा देने हेतु समर्पित है।
कार्यक्रमों की रूपरेखा के अनुसार प्रातः 6:30 बजे से दिन का शुभारंभ यूथ हॉस्टल्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के सहयोग से आयोजित ट्रैकिंग कार्यक्रम से होगा। इसमें युवाओं एवं पर्यावरण प्रेमियों को प्राकृतिक परिवेश और संग्रहालय परिसर की सांस्कृतिक धरोहरों से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
इसके पश्चात पूर्वाह्न 11:30 बजे संग्रहालय परिसर स्थित कोविलकाडु पुनीत वन में “पुनीत वन महोत्सव” का आयोजन होगा। इस अवसर पर वृक्ष पूजन की पारंपरिक विधियों के माध्यम से भारतीय वन-संस्कृति, आस्था एवं पारंपरिक ज्ञान को दर्शाया जाएगा।
अपराह्न 3:00 बजे नगर निगम भोपाल के सहयोग से एक विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा,जिसमें संग्रहालय के अधिकारी, कर्मचारी एवं नगर निगम के सफाईकर्मी भाग लेंगे। यह अभियान पर्यावरणीय उत्तरदायित्व को रेखांकित करने वाला प्रयास होगा। एवं सायं 6:30 बजे से रंग श्री लिटिल बैले ट्रूप द्वारा नृत्य नाटिका ‘गंगावतरण’ की प्रस्तुति दी जाएगी। यह सांस्कृतिक कार्यक्रम गंगा के पृथ्वी पर अवतरण की पौराणिक कथा के माध्यम से जल एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश प्रदान करेगा। भगवान शिव, भागीरथ और गंगा की भूमिकाओं को कलाकारों द्वारा जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा।
संपूर्ण आयोजन प्लास्टिक मुक्त परिसर की संकल्पना के अनुरूप आयोजित किया जाएगा। संग्रहालय प्रशासन सभी दर्शकों से निवेदन करता है कि वे कोई भी प्लास्टिक सामग्री साथ न लाएँ,जिससे स्वच्छ एवं हरित भविष्य के प्रति एकजुट संकल्प प्रकट हो।
इस अवसर पर संग्रहालय निदेशक प्रो. अमिताभ पांडे ने कहा,”पर्यावरण संरक्षण केवल विकल्प नहीं, बल्कि हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। ऐसे आयोजन जनमानस को न केवल जागरूक करते हैं, बल्कि सकारात्मक सामाजिक परिवर्तन की दिशा में प्रेरणा भी देते हैं।”
इन सभी आयोजनों के माध्यम से इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मानव संग्रहालय पर्यावरणीय चेतना,सांस्कृतिक विरासत एवं जनसहभागिता का प्रेरणादायी समन्वय प्रस्तुत करने जा रहा है।










